Home Rajasthan गहलोत सरकार ने प्रदेशवासियों को दी एक और राहत

गहलोत सरकार ने प्रदेशवासियों को दी एक और राहत

468
0

द एंगल।

जयपुर।

कोरोना लॉकडाउन में चरणबद्ध तरीके से धीरे-धीरे छूट दी जा रही है। ऐसा इसलिए किया जा रहा है ताकि सामान्य जनजीवन को फिर से जल्द से जल्द शुरु किया जा सके। इसी कड़ी में गहलोत सरकार ने प्रदेशवासियों को एक और राहत दी है। अब राजस्थान के ग्रामीण क्षेत्रों में सीमित श्रद्धालुओं की संख्या वाले धार्मिक स्थलों को आगामी 1 जुलाई से खोलने की अनुमति दी है।

ग्रामीण क्षेत्रों में छोटे धार्मिक स्थलों को खोलने की अनुमति

जिन धार्मिक स्थलों पर रोजाना 50 या इससे कम श्रद्धालु आते हैं, ऐसे धार्मिक स्थल 1 जुलाई से आम लोगों के लिए खोले जाएंगे। इस दौरान मौजूद सभी लोगों को सोशल डिस्टेंसिंग, सेनिटाइजेशन, मास्क सहित सभी कोरोना प्रोटोकॉल्स और भारत सरकार की ओर से धार्मिक स्थलों को खोलने के लिए जारी एसओपी की पालना करना अनिवार्य होगा। हालांकि इससे ज्यादा श्रद्धालुओं की संख्या वाले बड़े धार्मिक स्थल और शहरी क्षेत्रों के सभी धार्मिक स्थलों को फिलहाल आमजन के लिए खोलने की अनुमति नहीं दी गई है। यह फैसला प्रदेश में लगातार सामने आ रहे कोरोना संक्रमण के मामलों को देखते हुए लिया गया है।

7 जुलाई तक बढ़ाया कोरोना जागरूकता अभियान

इसके अलावा सीएम Gehlot ने प्रदेशवासियों को यह राहत भी दी है कि अब बाहर से राजस्थान आने वाले लोगों के लिए 14 दिन की क्‍वारंटाइन अवधि की अनिवार्यता नहीं होगी। साथ ही प्रदेश में 21 से 30 जून तक चलाए जा रहे कोरोना जागरूकता अभियान के महत्व को देखते हुए इसे आगामी 7 जुलाई तक बढ़ाने का निर्णय किया गया है। अब इस अभियान के तहत प्रदेश की जनता को आगामी 7 जुलाई तक कोरोना संक्रमण महामारी के प्रति जागरूक किया जाएगा। ताकि कोविड-19 के हालातों पर धीरे-धीरे काबू पाते हुए जल्द से जल्द प्रदेश को कोरोना मुक्त किया जा सके।

बता दें पिछले दिनों सीएम Gehlot ने शादी में बारात निकालने, डीजे बजाने और सड़कों पर नृत्य करने पर भी रोक लगा दी है। इसके जरिए भी सोशल डिस्टेंसिंग की पालना करवाने का प्रयास प्रदेश सरकार की ओर से लगातार किया जा रहा है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here